संभल में तार चोरी गैंग का भंडाफोड़, अंतर्राज्यीय गिरोह के दो सदस्य गिरफ्तार।

कंडक्टर तार और दो वाहन समेत 2.52 लाख रुपए बरामद, गिरोह के पांच सदस्य अब भी फरार।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल पुलिस ने हाईटेंशन लाइन के तार चोरी करने वाले एक अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए दो शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से करीब 2.52 लाख रुपये मूल्य के चोरी के तार, दो वाहन और दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जबकि गिरोह के पांच अन्य सदस्य अभी फरार बताए जा रहे हैं।
मंगलवार दोपहर करीब 2 बजे जिला मुख्यालय स्थित कार्यालय में पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई और अपर पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार रावत ने संयुक्त रूप से मामले का खुलासा किया। बहजोई थाना पुलिस ने जमशेद आलम और साहिल को ग्राम बिसारू व राजपुर के बीच गंगा एक्सप्रेस-वे के नीचे बनी पुलिया के पास से गिरफ्तार किया।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों के पास से बिजली की डांग कंडक्टर लाइन के 13 बंडल (करीब 215 किलोग्राम, अनुमानित कीमत 2.52 लाख रुपये), दो ‘परिंदा मैसेज सर्वे मोर’ उपकरण, दो मोबाइल फोन और दिल्ली नंबर की दो गाड़ियां बरामद हुई हैं।

पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि वे चोरी किए गए तारों को 200 रुपये प्रति किलोग्राम के हिसाब से बेचते थे और उससे प्राप्त धनराशि आपस में बांट लेते थे। खुलसे में उन्होंने बताया कि चोरी का माल वे दानिश उर्फ मुनसाद को बेचते थे। साथ ही यह भी स्वीकार किया कि अप्रैल माह में उन्होंने 33 केवी और 11 केवी बिजली लाइनों से करीब 1500 से 2000 किलोग्राम तार चोरी कर दिल्ली में बेच चुके हैं।
एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने बताया कि गिरोह के अन्य पांच सदस्यों की तलाश जारी है और जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि हाल के दिनों में इस गिरोह ने 10 से 11 स्थानों पर तार चोरी की वारदातों को अंजाम दिया था, जिनके संबंध में विद्युत विभाग की ओर से पांच एफआईआर दर्ज कराई गई हैं।

संभल में नवागत डीएम अंकित खंडेलवाल ने संभाला कार्यभार।

◆ प्राचीन कल्कि-विष्णु मंदिर में पूजा-अर्चना कर की आरती।

◆ बोले- कलेक्ट्रेट आने वाले हर फरियादी को मिले संतोषजनक समाधान।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल के नवागत जिलाधिकारी अंकित खंडेलवाल ने मंगलवार को जनपद का कार्यभार संभाल लिया। उन्होंने पुरानी तहसील स्थित कोषागार पहुंचकर विधिवत पदभार ग्रहण किया। उनके प्रथम आगमन को लेकर जनपद एवं नगर पालिका परिषद संभल क्षेत्र में पहले से ही सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई थीं।

दोपहर करीब 12 बजे, डीएम खंडेलवाल ने कोषागार में चार्ज लेने के बाद मौहल्ला कोट पूर्वी स्थित प्राचीन श्री कल्कि विष्णु मंदिर में दर्शन-पूजन किया। इस दौरान मंदिर के पुजारी पंडित महेंद्र प्रसाद शर्मा ने उन्हें मंदिर के इतिहास और भगवान कल्कि से जुड़ी मान्यताओं की जानकारी दी। जिलाधिकारी ने मंदिर परिसर में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा कराए गए विकास कार्यों का निरीक्षण भी किया और गुणवत्ता में किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी।

इस मौके पर डीएम अंकित खंडेलवाल ने कहा कि संभल उनके लिए नया जरूर है, लेकिन यह एक ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व वाला जनपद है, जिसकी पहचान कल्कि धाम से जुड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि उनका प्रयास रहेगा कि जिले को विकास के नए आयामों तक पहुंचाया जाए। उन्होंने अपने कार्यकाल की शुरुआत भगवान के दर्शन से करने को सौभाग्य बताया।

जिलाधिकारी ने अपनी प्राथमिकताओं का जिक्र करते हुए कहा कि शासन की सभी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करना, राजस्व वादों का समयबद्ध निस्तारण और जन समस्याओं का त्वरित समाधान उनकी प्राथमिकता होगी। उन्होंने कहा कि कलेक्ट्रेट तक कम लोग पहुंच पाते हैं, लेकिन जो भी आएगा, उसे पूरी संतुष्टि के साथ लौटाना उनकी जिम्मेदारी होगी।

उन्होंने आगे कहा कि वे पहले जनपद की स्थानीय समस्याओं और क्षेत्रीय चुनौतियों को समझेंगे, इसके बाद चरणबद्ध तरीके से उनका समाधान कराया जाएगा। पहले से चल रहे विकास कार्यों को गति देने और लंबित मामलों के निस्तारण पर विशेष जोर दिया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि अंकित खंडेलवाल 2017 बैच के भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) अधिकारी हैं। मई 2026 में हुए प्रशासनिक फेरबदल के तहत उन्हें डॉ. राजेंद्र पैंसिया के स्थान पर संभल का जिलाधिकारी नियुक्त किया गया है। उनका जन्म 2 जनवरी 1989 को मध्य प्रदेश के ग्वालियर में हुआ था। उन्होंने इंजीनियरिंग में स्नातक करने के बाद सिविल सेवा परीक्षा उत्तीर्ण की।
संभल में तैनाती से पूर्व वे नगर निगम आगरा में नगर आयुक्त के पद पर कार्यरत थे। इसके अलावा वे अलीगढ़ में मुख्य विकास अधिकारी (CDO) के रूप में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं, जहां उनके कार्यों को सराहा गया था।
अब संभल के जिलाधिकारी के रूप में उनसे प्रशासनिक सुधार, विकास कार्यों में तेजी और जन समस्याओं के प्रभावी समाधान की उम्मीद की जा रही है।

सुरक्षा के दावे फेल: थाने से महज दो सौ मीटर दूर महिला से कुंडल लूटे।

◆ सड़क पार करते ही बहाने से वारदात, CCTV में कैद हुई पूरी घटना।

◆ बबराला में दो हफ्ते में दूसरी वारदात, स्थानीय लोगों में बढ़ा आक्रोश।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। सोमवार को संभल के कस्बा बबराला में उसे समय सनसनी फैल गई जब दो सप्ताह के भीतर ही टप्पेबाजों ने दूसरी घटना को अंजाम दे दिया। जहां एक बुजुर्ग महिला को सड़क पार कराने के बहाने दो युवकों ने उनके कुंडल झपट लिए और फरार हो गए। यह घटना सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है। पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की तलाश में जुट गई है।
बता दें कि कि ये वारदात संभल की तहसील गुन्नौर के थाना बबराला कस्बा क्षेत्र के इंदिरा चौक पर हुई। जहां थाना धनारी क्षेत्र के गांव कृतिया निवासी प्रेमवती पत्नी विष्णु दत्त सुबह करीब 11 बजे बबराला स्थित एक डॉक्टर के यहां अपने दांत दिखाने गई थीं। सड़क पार करते समय दो युवक उनके पास आए और सहानुभूति दिखाते हुए महिला के कानों से कुंडल उतारकर रुमाल में बंद कर दिए। इसके बाद, बुजुर्ग महिला को सड़क पार कराते ही वे कुंडल लेकर फरार हो गए। जहां पूरी घटना बबराला चौराहे पर लगी सीसीटीवी कैमरे में भी कैद हो गई। मालूम हो कि इससे पहले 13 अप्रैल को भी इसी इलाके में एक बुजुर्ग महिला से सोने की चेन और कुंडल लूट लिए गए थे। वहीं चंदौसी रोड स्थित स्टेट बैंक के सामने से एक युवक की बाइक चोरी की घटना भी सामने आई थी, जो सीसीटीवी में रिकार्ड हुई थी। पुलिस अभी तक पहली घटना का ही खुलासा नहीं कर पाई है जब तक की दूसरी घटना सामने आने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। लगातार हो रही इन घटनाओं और आरोपितों के अब तक गिरफ्तार न होने से स्थानीय लोगों में आक्रोश है और पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठने शुरू हो गए हैं।
पुलिस का कहना है कि टीम जांच में जुटी है और सीसीटीवी
फुटेज के आधार पर आरोपियों को पहचान कर जल्द गिरफ्तारी की जाएगी।
बबराला थाना प्रभारी सौरभ त्यागी ने कहा कि मामला संज्ञान में है। प्राप्त तहरीर के आधार पर जल्द अभियोग पंजीकृत कर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।

नारी शक्ति वंदन कार्यक्रम में बेटियों ने बिखेरा प्रतिभा का रंग।

◆ जीआईसी शहबाजपुर में नारी शक्ति का जलवा, शौर्य और संस्कृति का शानदार प्रदर्शन।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। शुक्रवार को राजकीय इंटर कॉलेज, शहबाजपुर कलां में “नारी शक्ति वंदन” के अंतर्गत भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में शौर्य प्रदर्शन, साहित्यिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों के माध्यम से छात्राओं ने अपनी प्रतिभा का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम में विद्यालय की विभिन्न कक्षाओं की छात्राओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कक्षा-4 की छात्रा अलीशा ने रानी लक्ष्मीबाई के वीरतापूर्ण जीवन पर आधारित प्रभावशाली प्रस्तुति दी, जबकि राधिका ने सुंदर गीत प्रस्तुत कर सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। कक्षा-8 की छात्रा आफिया ने सावित्रीबाई फुले के संघर्षपूर्ण जीवन को लघुनाटिका के माध्यम से जीवंत किया। वहीं अजमी परवीन ने फातिमा शेख के योगदान पर प्रकाश डालते हुए प्रेरणादायक प्रस्तुति दी। कक्षा-7 की छात्रा शबनूर ने अंतरिक्ष यात्री कल्पना चावला के जीवन पर आधारित अभिनय प्रस्तुत कर सभी का ध्यान आकर्षित किया।
इसके अतिरिक्त कक्षा-10 की छात्राओं अलशिका रानी और खुशी ने अनुशासन एवं वीरता के प्रदर्शन हेतु ड्रिल तकनीक का शानदार प्रदर्शन किया, जिसे उपस्थित लोगों ने खूब सराहा।
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय के प्रधानाचार्य एवं समस्त शिक्षकगणों ने सक्रिय सहभागिता निभाई। प्रधानाचार्य वेदप्रकाश यादव ने अपने संबोधन में नारी शक्ति वंदन कार्यक्रम के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए छात्राओं को आत्मनिर्भर बनने और समाज में अपनी सशक्त भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागी छात्राओं की सराहना की गई और उन्हें भविष्य में इसी प्रकार उत्कृष्ट प्रदर्शन करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। जहां आयोजन छात्राओं के आत्मविश्वास, साहस और प्रतिभा को मंच प्रदान करने की दिशा में एक सराहनीय पहल साबित हुआ।

मुरादाबाद SSP का महाएक्शन, एक साथ कई थानों के 46 पुलिसकर्मी लाइन हाजिर।

एक्शन से दहली मुरादाबाद पुलिस: एक साथ बड़ी कार्रवाई से हड़कंप।

प्रवाह ब्यूरो
मुरादाबाद। जनपद में पुलिस महकमे में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) सतपाल अंतिल ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक साथ 46 पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया। यह कार्रवाई काम में लापरवाही और गंभीर शिकायतों के आधार पर की गई है।
बताया जा रहा है कि इस कार्रवाई की जद में कटघर, सिविल लाइंस, भोजपुर, कांठ समेत कुल 15 थानों के हेड कांस्टेबल और सिपाही आए हैं। नगर और देहात दोनों क्षेत्रों के पुलिसकर्मी इस सख्त फैसले से प्रभावित हुए हैं।
SSP सतपाल अंतिल ने स्पष्ट किया है कि ड्यूटी में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जनता को बेहतर पुलिसिंग देना उनकी प्राथमिकता है। आदेश जारी करते हुए सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिया गया है कि संबंधित पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से कार्यमुक्त कर पुलिस लाइन भेजा जाए।
सूत्रों के मुताबिक, इन पुलिसकर्मियों के खिलाफ काफी समय से शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद यह कड़ा कदम उठाया गया। एक ही दिन में इतनी बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई से पूरे पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई है।
गौरतलब है कि SSP सतपाल अंतिल अपने सख्त और सक्रिय कार्यशैली के लिए जाने जाते हैं। उनके नेतृत्व में अपराध और लापरवाही के खिलाफ लगातार कड़ी कार्रवाई देखने को मिल रही है।

संभल में खौफनाक वारदात: पत्नी को मौत के घाट उतार, खुद पहुंचा थाने।

पुलिस को घर की चाबी दे, कबूला जुर्म, आरोपी गिरफ्तार।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। रविवार को गुन्नौर तहसील के थाना रजपुरा क्षेत्र के गांव सिंघौली कल्लू में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। यहां एक पति ने अपनी पत्नी की लोहे की रॉड से पीट-पीटकर हत्या कर दी और फिर खुद ही थाने पहुंचकर अपना जुर्म कबूल कर लिया।
मृतका की पहचान 22 वर्षीय ज्योति प्रजापति के रूप में हुई है, जो आरोपी दुर्गेश कुमार की पत्नी थी। जानकारी के अनुसार, आरोपी ने सुबह करीब 11 बजे इस वारदात को अंजाम दिया। हत्या के बाद उसने घर पर ताला लगाया और सीधे थाना रजपुरा पहुंच गया।
थाने में आरोपी ने पुलिस को घर की चाबी सौंपते हुए बताया कि उसने अपनी पत्नी की हत्या कर दी है। यह सुनते ही पुलिस ने तुरंत उसे हिरासत में ले लिया और थाना प्रभारी संदीप चौधरी के नेतृत्व में टीम मौके पर पहुंची।
पुलिस ने घर का ताला खुलवाकर महिला के शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बताया जा रहा है कि पति-पत्नी गांव से कुछ दूर खेत में बने मकान में रहते थे, जिससे घटना की जानकारी ग्रामीणों को भी पुलिस के पहुंचने के बाद ही हो सकी।
मृतका के पिता केवल सिंह, जो बदायूं जिले के थाना जरीफनगर क्षेत्र के गांव विजयगढ़ी के निवासी हैं, ने करीब एक साल पहले अपनी बेटी की शादी दुर्गेश से की थी। शादी के बाद दोनों खेत में बने अलग मकान में रह रहे थे।
इस खौफनाक हत्याकांड के बाद पूरे गांव में सनसनी फैल गई है। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में दहशत का माहौल बन गया और ग्रामीणों की भीड़ मौके के आसपास जुटने लगी। लोग आपस में इस वारदात को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं कर रहे हैं और हर कोई इस घटना से स्तब्ध नजर आ रहा है।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने एहतियातन गांव में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए मौके पर पुलिस बल तैनात कर दिया गया है, जबकि अधिकारी पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं।
उक्त संबंध में रजपुरा थाना प्रभारी संदीप चौधरी ने बताया कि मामले में शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज किया जा रहा है और आरोपी से पूछताछ कर हत्या के कारणों की जांच की जा रही है।

संभल से लापता पिता पुत्र की हत्या, शामली के जंगल में मिले शव‌।

◆ शवों के घर पहुंचते ही मचा कोहराम, गांव में छाया मातम, हर आंख हुई नम।

◆ सपा विधायक बोले- पुलिस ने की लापरवाही, सरकार को देना चाहिए 50-50 लाख का मुआवजा।

◆ बोले-  यह एक गंभीर कृत्य, सख्त से सख्त हो कार्रवाई।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। गुन्नौर तहसील के भिरावटी गांव में पिता-पुत्र की निर्मम हत्या से पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। इस घटना ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है। जहां इलाके में शोक के साथ-साथ आक्रोश का माहौल बना हुआ है।
लूट के इरादे से बदमाशों ने दोनों की निर्मम हत्या कर शवों को संभल से करीब 200 किलोमीटर दूर शामली जनपद के एक गन्ने के खेत में फेंक दिया और फरार हो गए।
मृतक नरेश (48) और उनका बेटा भीमसेन (24) पिकअप वाहन चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते थे।

करीब साढ़े चार महीने पहले उन्होंने लोन पर वाहन खरीदा था। 2 अप्रैल को उन्हें मेरठ से मजदूर लाने के लिए गाड़ी बुकिंग का कॉल आया, जिसके बाद वे दो अज्ञात लोगों को लेकर घर से निकले। रात करीब 10 बजे परिवार से आखिरी बार बात हुई, इसके बाद उनका फोन बंद हो गया।
परिजनों की सूचना पर पुलिस ने जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज में वाहन टोल प्लाजा तक दिखाई दिया, लेकिन उसके बाद कोई सुराग नहीं मिला। कॉल डिटेल के आधार पर जांच आगे बढ़ी और मामला बदायूं निवासी मनोज कुमार तक पहुंचा।
पुलिस ने मनोज को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया, जिसमें उसके पैर में गोली लगी।

पूछताछ में उसने नरेश और भीमसेन की हत्या की बात कबूल की। उसकी निशानदेही पर मंगलवार शाम करीब 6 बजे शामली के गन्ने के खेत से दोनों के शव बरामद किए गए। शव क्षत-विक्षत हालत में थे और हाथ बंधे हुए थे।
बुधवार सुबह पोस्टमॉर्टम के बाद जैसे ही शव गांव पहुंचे, माहौल गम और आक्रोश में बदल गया। परिजनों और ग्रामीणों ने भिरावटी चौराहे पर शव रखकर जाम लगा दिया और आरोपियों की गिरफ्तारी व मुआवजे की मांग पर अड़ गए। ग्रामीणों ने साफ कहा कि जब तक सभी आरोपी गिरफ्तार नहीं होंगे, अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा।
स्थिति को संभालने के लिए चार थानों की पुलिस, पीएसी और आरआरएफ को तैनात किया गया। करीब तीन घंटे तक चले हंगामे और पुलिस-ग्रामीणों के बीच नोकझोंक के बाद अधिकारियों के आश्वासन पर लोग शांत हुए और अंतिम संस्कार के लिए तैयार हुए।
मौके पर सीओ गुन्नौर आलोक सिद्धू, सीओ बहजोई डॉ. प्रदीप कुमार, एडीएम प्रदीप वर्मा और एसडीएम गुन्नौर अवधेश कुमार सिंह सहित कई अधिकारी पहुंचे और हालात को नियंत्रित किया।
एएसपी कुलदीप सिंह के अनुसार, गाड़ी लूटने के इरादे से इस वारदात को अंजाम दिया गया। मामले में थाना कैलादेवी क्षेत्र के रहने वाले दो सगे भाई संतोष और अरविंद फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि दोनों आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

इस बीच राम खिलाड़ी यादव भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार को हर संभव मदद का आश्वासन देते हुए अपनी ओर से एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी। साथ ही दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और पीड़ित परिवार को प्रति व्यक्ति 50 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग की।

विधायक ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज होने के बावजूद समय पर कार्रवाई नहीं की गई, जिसके चलते यह दर्दनाक घटना हुई।
फिलहाल पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है और पूरे मामले की गहन जांच जारी है।

राम कथा के रस में सराबोर हुआ संभल, भक्तिरस में डूबे श्रद्धालु।

◆ महामंडलेश्वर कैलाशानंद गिरि ने बताया- अयोध्या, मथुरा और संभल का आध्यात्मिक महत्व।

◆ बोले- आज संभल भयमुक्त, हर जुबान पर गूंज रहा राम-राम।

◆ 4 से 8 अप्रैल तक संभल के बहजोई में बडे मैदान पर आयोजित हो रही है श्रीमद् राम कथा।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। जनपद की पावन धरा इन दिनों भक्ति और आस्था के रंग में रंगी हुई है। बहजोई के बड़े मैदान पर आयोजित श्रीमद् राम कथा में दूर-दूर से श्रद्धालु पहुंचकर धर्म लाभ ले रहे हैं। जहां श्री राम कथा के तीसरे दिन निरंजनी अखाड़ा के महामंडलेश्वर कैलाशानंद गिरि ने मर्यादा और भक्ति का संदेश दिया। जहां कथा के दौरान पूरा वातावरण राममय हो गया है और श्रद्धालु राम कथा के रस में सराबोर नजर आ रहे हैं। महामंडलेश्वर कैलाशानंद गिरि महाराज ने अपने प्रवचनों में अयोध्या, मथुरा और संभल की धार्मिक महिमा का विस्तार से वर्णन किया। उन्होंने कहा कि आज संभल भयमुक्त है और यहां रहने वाला हर व्यक्ति “राम-राम” कहता है। उनके विचारों ने श्रद्धालुओं के मन में भक्ति और विश्वास की नई ऊर्जा भर दी।
उन्होंने कहा कि संभल की रक्षा स्वयं देवाधिदेव भगवान संभलेश्वर महादेव करते हैं, जिससे यह भूमि विशेष रूप से पवित्र और सुरक्षित है। साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि भगवान का भोजन अहंकार है, इसलिए साधु-संत सदैव विनम्र और झुके हुए रहते हैं।
सोमवार को जनपद संभल के जिला कलैक्ट्रेट के बड़ा मैदान में कैलाशानंद गिरि महाराज ने श्रद्धालुओं की उत्सुकता पर भी प्रकाश डालते हुए कहा कि जब 5 दिन की कथा में इतनी अधिक श्रद्धा और भीड़ देखने को मिल रही है, तो 9 दिन की कथा में भक्तों का उत्साह और भी बढ़ेगा।

जहां उन्होनें यज्ञ, गुरु, परंपरा तथा मन की शांति पर विशेष प्रवचन दिए। महामंडलेश्वर ने अपने प्रवचनों में भगवान राम, भगवान कृष्ण और भगवान शिव की महिमा का वर्णन किया। उन्होंने बताया कि भगवान राम ने अयोध्या को, भगवान कृष्ण ने मथुरा को और भगवान शिव ने संभल को चुना, जहां भविष्य में भगवान कल्कि का अवतार होगा।
4 अप्रैल से 8 अप्रैल तक चलने वाली इस पांच दिवसीय श्रीमद् राम कथा में प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं और भक्ति का आनंद ले रहे हैं। आयोजन स्थल पर भक्ति, श्रद्धा और उल्लास का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है।

उन्होंने अयोध्या, मथुरा और संभल की महिमा का वर्णन किया, साथ ही यज्ञ, गुरु, परंपरा तथा मन की शांति पर विशेष प्रवचन दिए।
आगे बोलते हुए महामंडलेश्वर गिरी ने कहा उत्तर प्रदेश सहित भारत क जिन सभा राज्यों में, जहां सनातनी परंपराओं और भारतीय संस्कृति के संरक्षकों की सरकारें हैं, वहाँ के हर अधिकारी को वर्ष में कम से कम एक कथा आयोजित करने का निर्देश मिलना चाहिए। उन्होंने बताया कि उनके शिष्य डॉ. राजेंद्र पैंसिया ने इस पहल की शुरुआत की है, और यह संदेश पूरे देश ही नहीं, बल्कि दुनिया में भी फैल गया है।

संभल पर बोलते हुए महामंडलेश्वर ने कहा, ‘आज संभल भयमुक्त है। अब किसी को सुबह 5 बजे उठने या 6 बजे यहाँ से जाने की ज़रूरत नहीं है। अब आप रात को अकेले 1 बजे भी यहाँ से निकल सकते हैं। यदि कोई कुछ कहे तो जिलाधिकारी को बता देना। अब या तो वह संभल में रहेगा तो राम-राम कहेगा, और यदि संभल में नहीं रहेगा तो वह अपनी मर्जी से नाम का जप करेगा।’ वैसे भी राम राज्य वह है जहाँ हर राज्य, देश और घर में राम की चर्चा हो।
प्रत्येक व्यक्ति के मानस पटल पर राम का नाम हो, मुख में राम नाम हो, कानों में राम नाम की गूँज पड़े, हाथों में राम नाम की माला हो और जुबान पर ‘जय सियाराम’ हो। उन्होंने सभी से अपने तन, मन और वाणी को पवित्र करने का आह्वान किया। जहां श्रीमद् राम कथा में आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला।
जहां प्रदेश भर से सैकड़ों जनप्रतिनिधि, अधिकारीगण तथा हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। पूरे आयोजन स्थल पर भक्ति और श्रद्धा का माहौल छाया रहा, जहां हर ओर राम नाम की गूंज सुनाई दी।

9 साल बेमिसाल: संभल के रजपुरा में आयोजित हुई गोष्ठी।

◆ पूर्व मंत्री अजीत कुमार ‘राजू’ यादव ने गिनाईं सरकार की उपलब्धियां।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। सरकार के सफल नौ वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में बुधवार को रजपुरा ब्लॉक परिसर में एक विशेष गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य सरकार की जन-कल्याणकारी योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाना और लोगों को उनके लाभों के प्रति जागरूक करना रहा।
गोष्ठी का शुभारंभ दोपहर करीब 12 बजे मुख्य अतिथि भाजपा के पूर्व विधायक एवं पूर्व मंत्री अजीत कुमार उर्फ राजू यादव ने फीता काटकर किया। इस दौरान ब्लॉक प्रशासन के अधिकारी और बड़ी संख्या में क्षेत्रीय लोग मौजूद रहे। जहां कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री ने कहा कि सरकार की कार्यशैली का मूल मंत्र ‘अंत्योदय’ है, यानी समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचाना। उन्होंने विभिन्न जनहितकारी योजनाओं पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के माध्यम से गरीबों को पक्के मकान मिल रहे हैं, वहीं उज्ज्वला योजना से महिलाओं को धुएं से मुक्ति मिली है। इतना ही नहीं आयुष्मान भारत योजना के तहत गरीबों को मुफ्त इलाज की सुविधा मिल रही है, जबकि स्वच्छ भारत मिशन से स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ी है। साथ ही जल जीवन मिशन के जरिए हर घर तक शुद्ध पेयजल पहुंचाने का लक्ष्य को भी तेजी से पूरा किया जा रहा है।
कार्यक्रम में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों और स्वयं सहायता समूह की महिलाओं की सक्रिय भागीदारी रही। पूर्व मंत्री ने उन्हें योजनाओं की रीढ़ बताते हुए अधिक से अधिक लोगों को जागरूक करने के लिए प्रेरित किया।
आगे बोलते हुए उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का लाभ सीधे पात्र लोगों तक पहुंच रहा है, जिससे आम जनता के जीवन स्तर में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है।

यूपी में पंचायत चुनाव की तारीख का ऐलान, तेज हुई सियासी हलचल।

◆ मंत्री राजभर का बड़ा दावा- तैयारियां पूरी समय, इस तारीख तक संपन्न हो जायेंगें पंचायत चुनाव।

प्रवाह ब्यूरो
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव को लेकर चल रही अटकलों पर अब विराम लग गया है। पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने बड़ा बयान देते हुए साफ किया है कि पंचायत चुनाव 12 जुलाई तक संपन्न करा लिए जाएंगे।
राजभर ने बताया कि चुनाव की तैयारियां तेज़ी से चल रही हैं। जिलों में मतपत्र छप चुके हैं और 15 अप्रैल तक मतदाता सूची का प्रकाशन भी कर दिया जाएगा। इसके साथ ही सीटों का आरक्षण जल्द तय होगा और यह प्रक्रिया चक्रानुसार पूरी की जाएगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि चुनाव पुरानी व्यवस्था के तहत ही कराए जाएंगे और इलाहाबाद हाई कोर्ट के निर्देशों का पूरी तरह पालन होगा।

ओबीसी आरक्षण को लेकर भी सरकार का रुख साफ है। राजभर के अनुसार 2011 की जनगणना के आधार पर ही आरक्षण लागू होगा, किसी नई गणना की जरूरत नहीं होगी। साथ ही आगामी कैबिनेट बैठक में ओबीसी आयोग के गठन पर भी मुहर लग सकती है।
इधर, इलाहाबाद हाई कोर्ट ने चुनाव में देरी को लेकर सख्त रुख अपनाया है। कोर्ट ने सरकार से पूछा है कि क्या वह संवैधानिक समयसीमा के भीतर चुनाव करा पाएगी। यह सुनवाई अधिवक्ता इम्तियाज हुसैन की जनहित याचिका पर हुई, जिसमें समयबद्ध कार्यक्रम तय करने की मांग की गई है।
कोर्ट ने यह भी सवाल उठाया कि 15 अप्रैल को मतदाता सूची के प्रकाशन के बाद क्या 26 मई तक चुनाव संभव हैं, क्योंकि ग्राम पंचायतों का कार्यकाल इसी तारीख को समाप्त हो रहा है। अगर समय पर चुनाव नहीं हुए, तो प्रशासकों की नियुक्ति करनी पड़ सकती है। वहीं, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने पहले कहा था कि फिलहाल पंचायत चुनाव समय पर कराना मुश्किल नजर आ रहा है। उन्होंने बताया था कि सरकार की मशीनरी इस समय SIR, जाति जनगणना और मकान गणना जैसे बड़े कार्यों में व्यस्त है।
अब देखना होगा कि सरकार और चुनाव आयोग तय समयसीमा के भीतर पंचायत चुनाव कराने में कितनी सफल होती है।