संभल में डिजिटल जनगणना का शुभारंभ, जिला जज व डीएम ने की सहभागिता।

◆ अधिकारियों और कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर निभाई भागीदारी, लोगों से भी जुड़ने की अपील।

स्व पंजीकरण कर एसडीएम नीतू रानी बोलीं- जनगणना में हिस्सा लेना हर नागरिक का दायित्व।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल में स्व-जनगणना 2026 का कार्यक्रम शुरू हो गया है। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों में ऑनलाइन स्व-जनगणना का कार्य प्रारंभ कर दिया। जिसमें अधिकारियों कर्मचारियों के अलावा जनपद की जनप्रतिनिधि भी बढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। चंदौसी उप जिलाधिकारी नीतू रानी ने बताया कि यह शासन का एक बड़ा और महत्वाकांक्षी कार्यक्रम है, जो 7 मई से 21 मई तक चलाया जा रहा है। इसके तहत प्रत्येक व्यक्ति और परिवार अपने मुखिया के नाम और मकान में रहने वालों की संख्या को अंकित करते हुए स्व-जनगणना कर सकेगा। स्व-जनगणना के बाद उसकी एक आईडी बनेगी। इस आईडी को एन्यूमरेटर को देने पर जनगणना का डेटा अंतिम रूप से सुरक्षित हो जाएगा। उन्होंने सभी लोगों से अधिक से अधिक संख्या में स्व-जनगणना कार्यक्रम में भाग लेने की अपील की, ताकि डेटा शुद्ध और सुरक्षित रहे और शासन की नीतियां जनगणना के अनुरूप बन सकें।

संभल जनपद में चल रहे स्व-जनगणना अभियान को जन प्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों का व्यापक समर्थन मिल रहा है। अभियान के तहत जिला जज से लेकर विधायक और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों तक ने स्वयं पंजीकरण कर नागरिकों को भी इसमें भागीदारी के लिए प्रेरित किया।

स्व-जनगणना प्रक्रिया में जिला जज विदुषी सिंह, जिलाधिकारी अंकित खंडेलवाल, पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई, एडीएम प्रदीप वर्मा और सीडीओ गोरखनाथ भट्ट ने भी सहभागिता निभाई।
इसके अलावा चंदौसी से भाजपा विधायक एवं माध्यमिक शिक्षा राज्यमंत्री गुलाब देवी, संभल से सपा विधायक इकबाल महमूद, असमोली विधायक पिंकी यादव, गुन्नौर विधायक राम खिलाड़ी सिंह यादव तथा भाजपा जिलाध्यक्ष चौधरी हरेंद्र सिंह रिंकू समेत कई जनप्रतिनिधियों ने भी स्व-जनगणना कर अभियान को समर्थन दिया।

प्रशासन की ओर से शहर और गांव दोनों क्षेत्रों में जागरूकता कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। ग्राम प्रधानों, जिला पंचायत सदस्यों, सभासदों और विभिन्न राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों को अभियान से जोड़कर लोगों को स्व-जनगणना के लिए प्रेरित किया जा रहा है।

जिलाधिकारी ने बताया कि जनजागरूकता बढ़ाने के लिए विशेष कैंप, जनसंपर्क कार्यक्रम और जागरूकता अभियान आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे 7 मई से 22 मई तक चल रहे इस विशेष अभियान में स्वयं आगे आकर जनगणना फॉर्म में अपनी जानकारी दर्ज करें। उन्होंने कहा कि इससे जनगणना कर्मचारियों का कार्य आसान होगा और अधिक सटीक आंकड़े उपलब्ध हो सकेंगे। साथ ही कहा जन सुलभता और अधिक पारदर्शिता को ध्यान में रखकर भारत सरकार ने पहली बार नागरिकों को मोबाइल, कंप्यूटर और अन्य डिजिटल माध्यमों से घर बैठे स्व-जनगणना करने की सुविधा उपलब्ध कराई है, ताकि लोग स्वयं अपनी जानकारी ऑनलाइन दर्ज कर सकें।

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