संभल में खनन माफियाओं पर प्रशासन की बड़ी कार्रवाई, 27 हिरासत में, 13 वाहन सीज।

◆ डीएम-एसपी ने पकड़ा, ढाई लाख के मुचलके पर एसडीएम ने दी जमानत।

◆ भाकियू ने उठाई थी आवाज, अब अवैध खनन पर गिरी गाज।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। जनपद संभल में अवैध खनन के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए खनन माफियाओं पर शिकंजा कस दिया है। जिलाधिकारी अंकित खंडेलवाल और पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने परिवहन एवं खान विभाग के अधिकारियों के साथ संयुक्त अभियान चलाकर गंगा किनारे के क्षेत्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान अवैध खनन में संलिप्त पाए गए 27 लोगों को हिरासत में लिया गया, 13 वाहनों को सीज किया गया तथा पांच वाहनों का चालान करते हुए कुल 10,69,070 रुपये का अर्थदंड लगाया गया।
यह कार्रवाई शनिवार शाम करीब सवा छ: बजे तहसील गुन्नौर के थाना जुनावई क्षेत्र स्थित असदपुर इलाके में की गई। प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में हुई इस कार्रवाई से खनन माफियाओं में हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि क्षेत्र में लंबे समय से अवैध खनन की शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए यह अभियान चलाया।

डीएम और एसपी के निरीक्षण के बाद थाना पुलिस ने संभल, बदायूं, बुलंदशहर, अलीगढ़ और हाथरस जिलों के कुल 27 लोगों को हिरासत में लिया। सभी के खिलाफ शांतिभंग की आशंका के तहत कार्रवाई करते हुए उनका चालान उपजिला मजिस्ट्रेट न्यायालय, गुन्नौर में किया गया।
न्यायालय में पेशी से पहले सभी आरोपियों का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जुनावई में चिकित्सीय परीक्षण कराया गया। इसके बाद उन्हें एसडीएम न्यायालय में पेश किया गया।

कार्रवाई के बाद मामले में उस समय नया मोड़ आ गया जब उपजिला मजिस्ट्रेट विकास चंद्र ने सभी आरोपियों को जमानत दे दी। एसडीएम के अनुसार प्रत्येक व्यक्ति को ढाई लाख रुपये के निजी मुचलके पर पाबंद किया गया है। प्रशासनिक कार्रवाई के बाद मिली इस राहत की क्षेत्र में व्यापक चर्चा हो रही है।
गौरतलब है कि भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) लंबे समय से गंगा किनारे हो रहे कथित अवैध खनन का मुद्दा उठा रही थी। संगठन कई बार प्रशासन से शिकायत कर कार्रवाई की मांग कर चुका था। ऐसे में प्रशासन की यह कार्रवाई भाकियू द्वारा लगातार उठाई जा रही मांगों के बाद हुई एक महत्वपूर्ण कार्रवाई के रूप में देखी जा रही है।

प्रशासन ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि अवैध खनन के खिलाफ अभियान भविष्य में भी जारी रहेगा। अधिकारियों का कहना है कि प्राकृतिक संसाधनों के दोहन और राजस्व को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी तथा नियमों का उल्लंघन किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस बड़ी कार्रवाई ने एक बार फिर अवैध खनन के मुद्दे को चर्चा के केंद्र में ला दिया है। जहां लोग डीएम-एसपी द्वारा की गई इस बड़ी कार्रवाई की जमकर सराहना कर रहे हैं।

संभल के धनारी में युवक की संदिग्ध मौत, पेड़ पर लटका मिला शव।

◆ छेड़छाड़ के आरोपों के बीच युवक की मौत, पिता ने जताई हत्या की आशंका।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। धनारी थाना क्षेत्र के रुस्तमपुर पीपलवाला गांव में शनिवार को एक 22 वर्षीय युवक का शव जामुन के पेड़ से फंदे पर लटका मिलने से सनसनी फैल गई। युवक शुक्रवार शाम से लापता था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। वहीं मृतक के पिता ने इसे हत्या बताते हुए गांव के कुछ लोगों पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
मृतक की पहचान गोपाल कुमार (22) पुत्र ऋषिपाल निवासी रुस्तमपुर पीपलवाला के रूप में हुई है। वह अपने छह भाई-बहनों में सबसे छोटा था। परिजनों के अनुसार गोपाल शुक्रवार शाम करीब साढ़े चार बजे घर से निकला था, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटा। इसके बाद परिवार और ग्रामीणों ने उसकी तलाश शुरू की, मगर कोई सुराग नहीं मिला।

देर रात करीब 11 बजे गांव के जंगल में स्थित एक जामुन के पेड़ पर गोपाल का शव फांसी के फंदे से लटका होने की सूचना मिली। खबर फैलते ही गांव में हड़कंप मच गया। बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जुट गए। सूचना पर धनारी थाना पुलिस भी पहुंची और ग्रामीणों की मदद से शव को नीचे उतरवाया।
घटनास्थल पर पहुंची फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य एकत्र किए। इसके बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मृतक के पिता ऋषिपाल ने आरोप लगाया कि कुछ समय पहले गांव के कुछ लोगों ने उनके बेटे पर छेड़छाड़ का आरोप लगाया था। हालांकि बाद में पंचायत के माध्यम से विवाद का निपटारा हो गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि उसी विवाद से जुड़े लोगों ने उनके बेटे की हत्या कर शव को पेड़ पर लटका दिया। पिता ने रामखिलाड़ी, धर्मेंद्र और रविंद्र को नामजद करते हुए निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है।
वहीं, धनारी थाना प्रभारी अखिलेश प्रधान ने बताया कि युवक का शव पेड़ से लटका मिला है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों की गंभीरता से जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।

बुलंदशहर में संभल के युवक की संदिग्ध मौत, परिवार में मचा कोहराम।

◆ जल जीवन मिशन के कार्यस्थल पर युवक की मौत, परिजनों में आक्रोश।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर जनपद में जल जीवन मिशन के तहत निर्माणाधीन पानी की टंकी पर काम कर रहे संभल निवासी युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। युवक की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों ने मामले को संदिग्ध बताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है।
मृतक की पहचान संभल जिले की गुन्नौर तहसील के धनारी थाना क्षेत्र स्थित खलीलपुर गांव निवासी 27 वर्षीय लक्ष्मण पुत्र जगदीश उर्फ यशपाल के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि लक्ष्मण करीब 15 दिन पहले बुलंदशहर जिले के जहांगीराबाद थाना क्षेत्र के जयरामपुर पुदीना गांव में जल जीवन मिशन के तहत बन रही पानी की टंकी पर मजदूरी करने गया था।
परिजनों के मुताबिक युवक को बुलंदशहर के खानपुर थाना क्षेत्र निवासी ठेकेदार कासिम पुत्र जुल्फों काम पर लेकर गया था। उसके साथ गांव खलीलपुर निवासी वीरेश पुत्र फूलचंद तथा धनारी क्षेत्र के हरिओम भी मौजूद थे।
बताया गया कि कार्यस्थल पर अचानक लक्ष्मण की तबीयत बिगड़ गई। आनन-फानन में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। युवक की मौत की सूचना बुधवार देर शाम परिजनों को मिली। सूचना मिलने के बाद परिवार में चीख-पुकार मच गई।
परिजनों का आरोप है कि उनके मौके पर पहुंचने से पहले ही शव को घटनास्थल से हटा दिया गया था। वहीं पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और मामले की जांच शुरू कर दी।
गुरुवार शाम करीब पांच बजे पोस्टमार्टम के बाद युवक का शव उसके पैतृक गांव खलीलपुर पहुंचा। शव देखते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। देर शाम गमगीन माहौल में युवक का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
उधर परिवार वालों ने युवक की मौत को संदिग्ध बताते हुए मामले में लापरवाही या अन्य कारणों की आशंका जताई है।

संभल में सौहार्द और उत्साह के साथ मनी ईद-उल-अजहा।

◆ 828 स्थानों पर अदा हुई नमाज, डीएम-एसपी ने की फुट पेट्रोलिंग।

संवेदनशील इलाकों में मुस्तैद रहा पुलिस बल, नमाजियों ने सराही व्यवस्था।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल जनपद में ईद-उल-अजहा का पर्व गुरुवार को पूरे धार्मिक उत्साह, भाईचारे और शांतिपूर्ण माहौल में मनाया गया। जिले भर में मुस्लिम समुदाय के लोगों ने अकीदत के साथ ईद की नमाज अदा की और मुल्क में अमन-चैन, खुशहाली और तरक्की की दुआ मांगी। प्रशासन की ओर से सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे, जिसके चलते पूरा पर्व सकुशल संपन्न हुआ और कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली।

जिले में कुल 828 स्थानों पर ईद-उल-अजहा की नमाज अदा की गई। संभल के थाना हयातनगर क्षेत्र के गांव कमलपुर सराय स्थित मुख्य ईदगाह में सुबह 8:30 बजे मौलाना जाहिरुल इस्लाम ने ईद की विशेष नमाज अदा कराई। नमाज का कार्यक्रम सुबह 9:30 बजे तक शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी। कई स्थानों पर नमाजियों पर पुष्पवर्षा भी की गई, जिससे माहौल और अधिक सौहार्दपूर्ण नजर आया।

मौलाना जाहिरुल इस्लाम ने ईद-उल-अजहा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह पर्व हजरत इब्राहिम अलैहिस्सलाम की सुन्नत की याद में मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि अल्लाह की राह में कुर्बानी देना हर सक्षम व्यक्ति पर वाजिब है और कुर्बानी के गोश्त को तीन हिस्सों में बांटकर गरीबों और जरूरतमंदों तक पहुंचाना इस्लाम की खूबसूरत शिक्षा है।

त्यौहार को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट रहा। जिलाधिकारी अंकित खंडेलवाल और पुलिस अधीक्षक कृष्ण विश्नोई ने पुलिस बल के साथ शहर के संवेदनशील इलाकों और प्रमुख ईदगाहों का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। अधिकारियों ने लगातार फुट पेट्रोलिंग की और पुलिसकर्मियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए।
संवेदनशील स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल और मजिस्ट्रेट तैनात किए गए थे। इसके अलावा ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी के माध्यम से भी लगातार निगरानी रखी गई। प्रशासन की चाक-चौबंद व्यवस्था और पुलिस की मुस्तैदी के चलते पूरे जिले में शांति व्यवस्था कायम रही।
डीएम अंकित खंडेलवाल ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ सफाई और पेयजल की भी पर्याप्त व्यवस्था की गई थी। उन्होंने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता त्यौहार को शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न कराना थी, जिसमें सभी विभागों का बेहतर समन्वय देखने को मिला।
सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए डीएम अंकित खंडेलवाल, एसपी कृष्ण विश्नोई, एडीएम सत्यप्रिय सिंह, एएसपी कुलदीप सिंह, एसडीएम निधि पटेल, सिटी मजिस्ट्रेट सुधीर कुमार, सीओ कुलदीप कुमार, इंस्पेक्टर संभल सुधीर पंवार और हयातनगर इंस्पेक्टर संजीव बालियान सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी पुलिस बल के साथ लगातार ईदगाहों पर मौजूद रहे।
नमाजियों ने प्रशासन द्वारा किए गए सुरक्षा और व्यवस्थागत इंतजामों की सराहना करते हुए कहा कि बेहतर प्रबंधन और पुलिस की सक्रियता की वजह से त्यौहार पूरी तरह शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। प्रशासन की ओर से लोगों से आपसी भाईचारा बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील भी की गई थी, जिसका सकारात्मक असर पूरे जिले में देखने को मिला।

बदायूं में अखिलेश विरोधी पोस्टरों पर भड़के सपाई, खोला मोर्चा।

◆ SSP से मिले सपा विधायक, कहा- साजिशकर्ताओं पर हो सख्त एक्शन।

◆ सहसवान विधायक बृजेश यादव बोले- हमारे सामने भी लगाकर दिखाएं एक पोस्टर।

प्रवाह ब्यूरो
बदायूं। उत्तर प्रदेश के बदायूं में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के खिलाफ लगाए गए पोस्टरों को लेकर सियासी माहौल गर्म हो गया है। पोस्टर सामने आने के बाद समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं और नेताओं में भारी नाराजगी देखने को मिली। सपा नेताओं ने इसे पार्टी नेतृत्व की छवि खराब करने की साजिश बताते हुए विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
इसी मामले को लेकर सहसवान से सपा विधायक बृजेश यादव बुधवार को एक प्रतिनिधिमंडल के साथ बदायूं के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) अंकिता शर्मा से मिले। विधायक ने एसएसपी को शिकायती पत्र सौंपते हुए कहा कि जिले समेत कई स्थानों पर अखिलेश यादव और समाजवादी पार्टी के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्टर लगाए गए हैं, जिससे राजनीतिक माहौल खराब करने की कोशिश की जा रही है।
सपा विधायक ने अपने शिकायती पत्र में आरोप लगाया कि अज्ञात असामाजिक तत्वों द्वारा सुनियोजित तरीके से पोस्टर लगाकर अखिलेश यादव की छवि धूमिल करने का प्रयास किया गया है। उन्होंने मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

विधायक बृजेश यादव ने मीडिया से बातचीत में कहा कि पुलिस प्रशासन को यह पता लगाना चाहिए कि आखिर ये पोस्टर किसने और किसके इशारे पर लगाए हैं। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी इस तरह की राजनीति को बर्दाश्त नहीं करेगी।
एसएसपी से मुलाकात के बाद बृजेश यादव ने पोस्टर लगाने वालों को खुली चुनौती देते हुए कहा, “जो लोग पोस्टर लगा रहे हैं, वे हमारे सामने भी एक पोस्टर लगाकर दिखाएं।” उनके इस बयान के बाद राजनीतिक हलकों में चर्चा और तेज हो गई है।
वहीं, एसएसपी अंकित शर्मा ने सपा प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया है कि मामले की गंभीरता से जांच कराई जाएगी। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और जल्द ही दोषियों की पहचान कर कार्रवाई की जाएगी।

बदायूं में डकैती कांड का खुलासा, मुठभेड़ में 5 गिरफ्तार।

◆ कच्छा-बनियान गैंग पर पुलिस का शिकंजा, पुलिस मुठभेड़ में 3 बदमाश घायल, एक सिपाही भी जख्मी।

प्रवाह ब्यूरो
बदायूं। बदायूं के इस्लामनगर थाना क्षेत्र में सोमवार देर रात पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में कच्छा-बनियान गैंग के पांच बदमाश गिरफ्तार कर लिए गए, जबकि तीन बदमाश गोली लगने से घायल हो गए। मुठभेड़ के दौरान एक सिपाही भी घायल हुआ है। पुलिस ने बदमाशों के कब्जे से हथियार, कारतूस और लूटा गया सामान बरामद किया है।
पुलिस के मुताबिक, 19 मई की रात इस्लामनगर कस्बे में निजाकत के घर डकैती की वारदात को अंजाम दिया गया था। बदमाश करीब 1.25 लाख रुपये नकद और लाखों रुपये के जेवर लूटकर फरार हो गए थे। इसके अलावा सिठौली गांव में हरचरन, प्रेमपाल, श्याम यादव और मुनेश पाल के घरों में भी नकदी और जेवरात की लूट की घटनाएं हुई थीं। वारदातों के खुलासे के लिए पुलिस की पांच टीमें गठित की गई थीं।
सोमवार देर रात पुलिस को सूचना मिली कि बरिया पुल के पास कुछ संदिग्ध बदमाश किसी बड़ी वारदात की फिराक में मौजूद हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची, लेकिन पुलिस को देखकर बदमाश भागने लगे। पीछा करने पर बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में गैंग का सरगना किशनपाल निवासी जनेठा थाना बनियाठेर जनपद संभल, मनोज निवासी प्रतापपुर थाना बहजोई जनपद संभल और भूरा निवासी भोजपुर जनपद हापुड़ गोली लगने से घायल हो गए।
मुठभेड़ के दौरान सिपाही अनुज कुमार भी गोली लगने से घायल हो गए। पुलिस ने कॉम्बिंग अभियान चलाकर बहजोई निवासी दीपक और ओमवीर को भी गिरफ्तार कर लिया। हालांकि ढालू समेत तीन बदमाश अंधेरे का फायदा उठाकर खेतों की ओर फरार हो गए, जिनकी तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है।
घायल बदमाशों और घायल सिपाही को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। एसएसपी अंकिता शर्मा ने बताया कि गिरफ्तार बदमाशों का आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है। घटना का सफल खुलासा करने वाली पुलिस टीम को 25 हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की गई है।

नंबर वन बनने की दिशा में तेजी से बढ़ रहा संभल : ब्रजेश पाठक।

◆ कहा- तुष्टीकरण की राजनीति से दबा था संभल, मोदी-योगी के नेतृत्व में जनपद को मिली नई पहचान।

◆ बोले- जल्द दुरूस्त हो जिला अस्पताल में दवा वितरण व्यवस्था।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल पहुंचे प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि संभल तेजी से विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है और वह दिन दूर नहीं जब जनपद प्रदेश के नंबर वन जिलों में शामिल होगा। उन्होंने कहा कि वर्षों तक तुष्टीकरण की राजनीति के कारण संभल विकास की मुख्यधारा से पीछे रहा, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में अब संभल को नई पहचान मिल रही है। सोमवार को भाजपा कार्यालय पहुंचे डिप्टी सीएम का कार्यकर्ताओं ने जोरदार स्वागत किया। बैठक की शुरुआत वंदे मातरम के गायन से हुई। इस दौरान ब्रजेश पाठक ने कहा कि सरकार के प्राथमिक एजेंडे में संभल शामिल है। सड़क, बिजली, पानी, स्कूल, अस्पताल और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण पर सरकार विशेष ध्यान दे रही है। उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि तुष्टीकरण की राजनीति ने संभल को दबाकर रखा, लेकिन अब जनपद विकास के पथ पर तेजी से दौड़ रहा है।
उपमुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे सरकार की योजनाओं को ईमानदारी से जन-जन तक पहुंचाएं। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत, उज्ज्वला योजना, किसान सम्मान निधि और पीएम स्वनिधि जैसी योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि इनका लाभ हर जरूरतमंद तक पहुंचना चाहिए। भीषण गर्मी और नौतपा को देखते हुए उन्होंने लोगों से सावधानी बरतने और जरूरी होने पर ही घर से बाहर निकलने की अपील भी की।

इससे पहले डिप्टी सीएम ने असमोली में ग्राम पंचायत सचिवालय और जिला अस्पताल का निरीक्षण किया। जिला अस्पताल पहुंचकर उन्होंने इमरजेंसी वार्ड समेत विभिन्न वार्डों का निरीक्षण किया और मरीजों से बातचीत कर स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान ब्रजेश पाठक ने अस्पताल में लगे अग्निशमन यंत्रों की गुणवत्ता और उनकी एक्सपायरी तिथि की जांच की। दवा वितरण कक्ष में दवाओं की उपलब्धता की जानकारी लेते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि जिला अस्पताल में मरीजों की सुविधा के लिए एक से अधिक दवा वितरण काउंटर संचालित किए जाएं, ताकि लंबी कतारों और अव्यवस्था से राहत मिल सके।

डिप्टी सीएम के संभल पहुंचते ही भाजपा कार्यकर्ताओं में उत्साह देखने को मिला। स्वागत और फोटो खिंचवाने की होड़ में कई स्थानों पर धक्का-मुक्की की स्थिति बन गई। सुरक्षा कर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद व्यवस्था संभाली। भाजपा कार्यालय से लेकर जिला अस्पताल, सिंदूर वाटिका, यम तीर्थ और तहसील सभागार तक यही हालात देखने को मिले।
इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष हरेंद्र सिंह, क्षेत्रीय उपाध्यक्ष राजेश सिंघल, परमेश्वर लाल सैनी, पूर्व मंत्री अजीत कुमार राजू, आदित्यवीर रस्तोगी, हर्षित रस्तोगी, रिपिल चौधरी, सुशील शर्मा, रोहित पवार, मनोज पाल, देवचंद सैनी, मुकुल रस्तोगी समेत कई भाजपा पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। बैठक का संचालन जिला महामंत्री हरिओम शर्मा ने किया।

डिप्टी सीएम बृजेश पाठक का सम्भल दौरा आज, प्रशासनिक अमले में हलचल।

◆ विकास और स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा के साथ यमघट तीर्थ का भी करेंगे स्थलीय निरीक्षण।

◆ डिप्टी सीएम के आने की खबर से सक्रिय हुआ स्वास्थ्य विभाग, आखिरकर 53 दिन बाद शुरू हुई अल्ट्रासाउंड सेवा।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक का सोमवार को सम्भल दौरा प्रशासनिक और राजनीतिक दोनों लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है। उनके आगमन की सूचना मिलते ही पूरे जनपद में प्रशासनिक मशीनरी पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गई है। जिला प्रशासन से लेकर स्वास्थ्य विभाग और भाजपा संगठन तक तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटे दिखाई दे रहे हैं।
डिप्टी सीएम के दौरे का सबसे बड़ा असर जिला अस्पताल में देखने को मिला, जहां पिछले 53 दिनों से बंद पड़ी अल्ट्रासाउंड सेवा आखिरकार दोबारा शुरू कर दी गई। शनिवार को छह मरीजों के अल्ट्रासाउंड किए गए। बताया जा रहा है कि रेडियोलॉजिस्ट के मेडिकल लीव पर चले जाने के कारण डेढ़ माह से अधिक समय से मरीजों को इस सुविधा से वंचित रहना पड़ रहा था। दूर-दराज से आने वाले मरीजों को निजी सेंटरों का सहारा लेना पड़ रहा था, जिससे आर्थिक बोझ भी बढ़ रहा था।
डिप्टी सीएम के प्रस्तावित निरीक्षण को देखते हुए अस्पताल प्रशासन में अचानक सक्रियता बढ़ गई है। अस्पताल परिसर में साफ-सफाई, पुताई और व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने का कार्य तेजी से कराया गया। शनिवार को डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मी ड्रेस कोड में नजर आए, जबकि मरीजों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए विशेष निर्देश जारी किए गए।

प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार, उपमुख्यमंत्री सोमवार दोपहर करीब 12 बजे अमरोहा से सम्भल पहुंचेंगे। सबसे पहले वह विकासखंड असमोली स्थित ग्राम पंचायत सचिवालय का स्थलीय निरीक्षण करेंगे। इसके बाद सम्भल स्थित भाजपा जिला कार्यालय, एकता विहार कॉलोनी में जनप्रतिनिधियों, पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करेंगे।
दौरे के दौरान वह जिला अस्पताल पहुंचकर स्वास्थ्य सेवाओं का जायजा लेंगे। इसके अलावा यमघट तीर्थ निर्माण कार्य और बहजोई रोड स्थित सिंदूर वाटिका का निरीक्षण भी उनके कार्यक्रम में शामिल है। प्रशासन ने इन स्थलों पर तैयारियां तेज कर दी हैं।
इसके बाद उपमुख्यमंत्री पीडब्लूडीजीटीएस हाउस पहुंचेंगे और तहसील सम्भल में अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक करेंगे। बैठक में सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, विकास परियोजनाओं और उनकी प्रगति की विस्तृत समीक्षा की जाएगी। अधिकारियों को सभी विभागीय प्रगति रिपोर्ट तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं।
शाम करीब 4:20 बजे उपमुख्यमंत्री सम्भल से मुरादाबाद एयरपोर्ट के लिए रवाना होंगे। उनके दौरे को लेकर जिले में सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी कर दी गई है। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी लगातार व्यवस्थाओं की मॉनिटरिंग कर रहे हैं ताकि दौरे के दौरान किसी प्रकार की अव्यवस्था न हो।
डिप्टी सीएम के इस दौरे को लेकर जिले में राजनीतिक सरगर्मियां भी तेज हैं। भाजपा संगठन इसे सरकार की योजनाओं और विकास कार्यों की समीक्षा के साथ जनता तक सकारात्मक संदेश पहुंचाने के रूप में देख रहा है, तो वहीं प्रशासनिक अमला हर स्तर पर व्यवस्थाओं को चाकचौबंद बनाने में जुटा हुआ है।

कैला देवी इंटर कॉलेज में मेधावियों को वितरित की गई साइकिल।

◆ बाबा रतन गिरि आदर्श इंटर कॉलेज हाई स्कूल तथा इंटर की छात्रा को मिली साईकिल।

◆ यूपी बोर्ड परीक्षा 2025-26 में हाई स्कूल व इंटर में कॉलेज टॉप करने पर विद्यालय प्रबंधन ने दीं साईकिल।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल के कैला देवी स्थित बाबा रतन गिरि आदर्श इंटर कॉलेज में यूपी बोर्ड परीक्षा 2025-26 में हाई स्कूल तथा इंटरमीडिएट में विद्यालय टॉप करने वाली दो छात्राओं को विद्यालय प्रबंधक द्वारा साइकिल देकर सम्मानित किया गया।
बाबा रतनगिरि आदर्श इंटर कॉलेज में यूपी बोर्ड परीक्षा 2025- 26 में हाई स्कूल में छात्रा अंशु ने 532 अंक प्राप्त कर विद्यालय टॉप किया था तथा इंटरमीडिएट में छात्रा खुशी यादव ने 433 अंक प्राप्त कर विद्यालय टॉप किया।
जहां विद्यालय प्रबंधक अजय पाल सिंह द्वारा छात्रा अंशु तथा इंटरमीडिएट की छात्रा खुशी यादव के अनुपस्थित होने पर उनके पिता देवेंद्र सिंह को प्रार्थना परिसर में मंगलवार को विद्यालय प्रधानाचार्य अशोक कुमार के साथ साइकिल देकर सम्मानित किया गया।
विद्यालय प्रधानाचार्य अशोक कुमार ने बताया कि सभी विद्यार्थी इस वर्ष की इतनी मेहनत करें कि विद्यालय तथा अपने गांव का नाम रोशन कर सकें।

छात्रा खुशी के पिता ने अनाथ छात्रा को भेंट की साईकिल।

बोले – हमारी अपेक्षा इस बेटी को है साइकिल की आवश्यकता।

यूपी बोर्ड 2025-26 में इंटरमीडिएट की परीक्षा में बाबा रतन गिरी आदर्श इंटर कॉलेज को टॉप करने वाली छात्रा खुशी यादव के पिताजी देवेंद्र सिंह ने किसी विद्यालय में अध्यनरत कक्षा 7 की छात्रा जो की अनाथ है, मानवता का परिचय देते हुए कक्षा 7 की छात्रा खुशी को अपनी बेटी की इच्छा से साइकिल देकर सम्मानित किया।
जहां देवेंद्र सिंह की बेटी खुशी यादव ने 12वीं की कक्षा में 433 अंक प्राप्त कर विद्यालय टॉप किया और विद्यालय प्रबंधक द्वारा उन्हें साइकिल देकर सम्मानित किया गया तो वही छात्रा के पिता देवेंद्र सिंह ने मानवता का परिचय देते हुए कहा कि यह साइकिल की आवश्यकता मेरी बेटी से अधिक कक्षा 7 की छात्रा खुशी को है जो अनाथ है। जिससे कि विद्यालय में प्रतिदिन समय पर साइकिल से विद्यालय आ सके और अपनी पढ़ाई जारी रख सके।
देवेंद्र सिंह ने कहा कि मेरी बेटी के पास साइकिल है, लेकिन विद्यालय प्रबंधक द्वारा उन्हें सम्मानित किया गया, बड़ी खुशी की बात है। उसी दौरान देवेंद्र सिंह ने साइकिल को कक्षा 7 की छात्रा खुशी को सौंप दिया। साइकिल पाकर छात्रा खुशी ने भी खुशी जाहिर की। इस दौरान विद्यालय के सभी शिक्षक शिक्षिकाएं उपस्थित रहे।

संभल के एक्स-रे सेंटर का कारनामा, एक रिपोर्ट में फ्रैक्चर तो दूसरी में सब सामान्य।

◆ एक ही जांच, दो नतीजे: गवां स्थित उर्मिला मैमोरियल एक्स-रे सेंटर पर उठे सवाल।

शैक्षिक योग्यता पर भी सवाल, लैब रिपोर्ट में ‘मिस्टर’ को लिखा मस्त!

एक समय में दो रिपोर्ट और दो दावे, मरीज पूछे—आखिर सच क्या है?

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल जिले के गवां कस्बे में स्थित उर्मिला मैमोरियल डिजिटल एक्स-रे सेंटर की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। आरोप है कि एक ही मरीज की एक ही समय में की गई जांच की दो अलग-अलग रिपोर्ट जारी कर दी गईं। हैरानी की बात यह रही कि एक रिपोर्ट में फ्रैक्चर बताया गया, जबकि दूसरी रिपोर्ट में सब कुछ सामान्य दर्शाया गया।
इतना ही नहीं दोबारा की गई ओपिनियन सेक्शन में जिस रिपोर्ट में फैक्चर दर्शाया गया उसी रिपोर्ट में ऊपर कोई फैक्चर न होने का भी उल्लेख किया गया। कुल मिलाकर दोनों रिपोर्ट ही अलग-अलग नहीं बल्कि दोबारा कराई गई दूसरी रिपोर्ट में भी दो अलग-अलग बातें मिली।
मामला सामने आने के बाद मरीज और उसके परिजन असमंजस में पड़ गए। परिजनों का कहना है कि आखिर सही रिपोर्ट कौन-सी मानी जाए और इलाज किस आधार पर कराया जाए। दो विरोधाभासी रिपोर्टों ने मरीज की चिंता बढ़ा दी है।
आपको बता दें कि मंगलवार को गवां स्थित उर्मिला मैमोरियल डिजिटल एक्स-रे सेंटर पर सिंघौली निवासी श्यामसुंदर अपने
3 वर्षीय बेटे केशव का पैर में दर्द होने के बाद फैक्चर की जानकारी करने हेतु एक्सरे सेंटर पहुंचे, जहां सेन्टर संचालक जगदीश राणा ने बच्चे का एक्सरे किया और बताया कि पैर में कोई फैक्चर नहीं है, साथ ही फैक्चर न होने की पुष्टि करते हुए एक रिपोर्ट भी दी, इसके उपरांत बच्चे के पिता श्याम सुंदर ने बच्चों के पैर में दर्द का हवाला देते हुए अपनी बात रखी तो सेंटर संचालक ने उसी स्थान का दूसरा एक्सरे करने की बात कहते हुए दोनों एक्स-रे की फीस जमा करने के बाद दूसरा एक्स-रे भी कर दिया। तदोपरांत दूसरी रिपोर्ट में भी एक जगह फेक्चर तो वहीं दूसरी जगह फैक्चर न होने की बात से अभिभावक श्याम सुंदर ने केंद्र संचालक से जब यह बात कही तो एमबीबीएस डीएनबी का फर्जी बोर्ड लगाकर मरीजों को बेवकूफ बना रहा सेंट्रल संचालक भड़कने लगा। कुल मिलाकर फैक्चर है या नहीं इस बात की पुष्टि मरीज को दो रिपोर्ट के ₹600 भुगतान के बाद भी नहीं हो सकी। तभी मौके पर लोगों की भीड़ इकट्ठी हो गई जहां लोगों ने आरोप लगाया कि उक्त सेंटर संचालक आए दिन इसी तरह की फर्जी जांच कर क्षेत्र में लोगों को बेवकूफ बना रहा है। इतना ही नहीं यह अल्प शिक्षित है और रिपोर्ट में लिखी जाने वाले मिस्टर को भी मस्त लिख, मरीजों के जीवन से खिलवाड़ कर रहा है।
वहीं स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि जांच रिपोर्टों में इस  तरह का अंतर सामने आएगा तो मरीजों का भरोसा स्वास्थ्य सेवाओं से उठ जाएगा। मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है।
बताया जा रहा है कि परिजनों ने मामले की शिकायत संबंधित अधिकारियों से करने की बात कही है। लोगों ने जांच कर उचित कार्रवाई की मांग उठाई है, ताकि भविष्य में इस तरह की लापरवाही दोबारा किसी मरीज के जीवन से खिलवाड़ ना हो सके।
इस संबंध में गुन्नौर के नोडल अधिकारी डॉ. विरास यादव ने बताया कि कि उपरोक्त का एक्स-रे सेंटर पहले ही सील कर अभियोग पंजीकृत किया जा चुका है। संज्ञान में आया है कि कार्रवाई के बावजूद भी सेंटर संचालक स्थान बदलकर पुनः सेंटर संचालित कर रहा है जिस पर जल्द सख्त कार्रवाई की जायेगी।